मेरा बचपन
जब मैं अपनी माँ के आँचल में सोया करता था
जब मैं अपने नन्हे हाथों से अपने खिलोनों से खेला करता था
जब मैं अपने पापा के साथ झूला झूला करता था
उन पलों का क्या कहना जिनमें
मुझे आज भी वोह पल याद आते हैंजब मैं बचपन में स्कूल जाया करता थाबस में बैठने से पहले रोया करता थाऔर घर आकर मम्मी से स्कूल की बातें करता था
मेरा रोज़ साइकिल खरीदने की जिद करना
उसे सीखने के लिए पापा के पीछे पड़ना
और सीखकर बहुत खुश हो जाना
बस इन्ही पलों को याद करता हूँ अबन जाने यह पल अब होंगे कब??
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